पापांकुशा एकादशी गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 को है — शुक्ल पक्ष, आश्विन मास।
समय नई दिल्ली के लिए, लाहिड़ी अयनांश पर आधारित पंचांग इंजन से गणना।
| वर्ष | तिथि | पक्ष | तिथि समय | पारण |
|---|---|---|---|---|
| 2025 | शुक्रवार, 3 अक्टूबर 2025 | शुक्ल पक्ष | 2 Oct, 7:11 PM → 3 Oct, 6:33 PM | 4 Oct, 6:16 AM – 4 Oct, 8:38 AM |
| 2026 | गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 | शुक्ल पक्ष | 21 Oct, 2:12 PM → 22 Oct, 2:48 PM | 23 Oct, 6:27 AM – 23 Oct, 8:43 AM |
| 2027 | सोमवार, 11 अक्टूबर 2027 | शुक्ल पक्ष | 10 Oct, 11:41 AM → 11 Oct, 2:9 PM | 12 Oct, 6:20 AM – 12 Oct, 8:40 AM |
पापांकुशा एकादशी हर वर्ष आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को आती है। चंद्र मास सौर कैलेंडर से छोटा होता है, इसलिए ग्रेगोरियन तिथि हर वर्ष बदलती है — ऊपर दी गई तालिका में 2025, 2026, 2027 की तिथियाँ देखें। तिथि सूर्योदय के समय जो चल रही हो, उसी के अनुसार व्रत का दिन तय होता है।
एकादशी व्रत सूर्योदय से आरंभ होकर अगले दिन द्वादशी को पारण के साथ पूर्ण होता है। पारण सूर्योदय के बाद और द्वादशी तिथि समाप्त होने से पहले करने का विधान है — पापांकुशा एकादशी के लिए यह समय ऊपर दिया गया है। व्रत का स्वरूप (निर्जल, फलाहार या सात्विक भोजन) परंपरा और सामर्थ्य पर निर्भर करता है।
पापांकुशा एकादशी गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 (शुक्ल पक्ष, आश्विन मास) को है। तिथि 21 Oct, 2:12 PM से 22 Oct, 2:48 PM तक रहती है।
पारण शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 को 23 Oct, 6:27 AM से 23 Oct, 8:43 AM के बीच करना चाहिए। एकादशी व्रत का पारण द्वादशी तिथि समाप्त होने से पहले करने का विधान है।
पापांकुशा एकादशी शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि पर रखी जाती है। सभी एकादशी व्रत भगवान विष्णु को समर्पित हैं।