Astrologger
EN|हिंदी
मुफ़्त शुरू करें
पंचांग व्रत कैलेंडर

2027 अमावस्या तिथियाँ (नया चाँद)

अमावस्या, प्रत्येक चंद्र मास के अंत का चाँद-रहित दिन, स्नान, दान और पितरों के तर्पण के लिए मनाई जाती है। सोमवार की अमावस्या सोमवती और मंगलवार की भौमवती अमावस्या कहलाती है। नीचे तिथियाँ दिल्ली के लिए गणना की गई हैं।

अगली अमावस्या
अधिक पौष अमावस्या
145 दिन में · · Thursday, January 7, 2027
तिथिदिननामपक्ष / मासतिथि आरंभतिथि समाप्त
7 जन॰ 2027अगलीगुरुअधिक पौष अमावस्याअधिकKrishna · Margashirsha11:14 PM, 06 Jan1:54 AM, 08 Jan
6 फ़र॰ 2027शनिMauni AmavasyaKrishna · Pausha7:06 PM, 05 Feb9:26 PM, 06 Feb
8 मार्च 2027सोमSomvati AmavasyaKrishna · Magha1:47 PM, 07 Mar2:59 PM, 08 Mar
6 अप्रैल 2027मंगलBhaumvati AmavasyaKrishna · Phalguna5:40 AM, 06 Apr5:21 AM, 07 Apr
6 मई 2027गुरुवैशाख अमावस्याKrishna · Chaitra6:17 PM, 05 May4:28 PM, 06 May
4 जून 2027शुक्रज्येष्ठ अमावस्याKrishna · Vaishakha6:17 PM, 05 May1:10 AM, 05 Jun
4 जुल॰ 2027रविआषाढ़ अमावस्याKrishna · Jyeshtha12:06 PM, 03 Jul8:32 AM, 04 Jul
2 अग॰ 2027सोमSomvati AmavasyaKrishna · Ashadha7:20 PM, 01 Aug3:35 PM, 02 Aug
31 अग॰ 2027मंगलBhaumvati AmavasyaKrishna · Shravana7:20 PM, 01 Aug11:11 PM, 31 Aug
30 सित॰ 2027गुरुMahalaya (Sarva Pitru) AmavasyaKrishna · Bhadrapada10:55 AM, 29 Sep8:06 AM, 30 Sep
29 अक्टू॰ 2027शुक्रकार्तिक अमावस्याKrishna · Ashwina8:48 PM, 28 Oct7:06 PM, 29 Oct
28 नव॰ 2027रविमार्गशीर्ष अमावस्याKrishna · Kartika9:08 AM, 27 Nov8:54 AM, 28 Nov
27 दिस॰ 2027सोमSomvati AmavasyaKrishna · Margashirsha12:23 AM, 27 Dec1:42 AM, 28 Dec

सभी तिथियाँ व समय नई दिल्ली (IST) के लिए स्विस एफ़ेमेरिस + लाहिरी अयनांश से गणना किए गए — नकल नहीं।

अमावस्या 2025अमावस्या 2026
अन्य व्रत कैलेंडर
एकादशी 2027प्रदोष व्रत 2027पूर्णिमा 2027संकष्टी चतुर्थी 2027मासिक शिवरात्रि 2027

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

2027 में कितनी अमावस्या हैं?+

2027 में दिल्ली क्षेत्र के लिए 13 अमावस्या हैं — प्रत्येक चंद्र मास के अंत में एक।

अमावस्या पर क्या किया जाता है?+

अमावस्या पारंपरिक रूप से स्नान, दान और पितरों के श्राद्ध/तर्पण का दिन है। माघ की मौनी अमावस्या मौन रहकर मनाई जाती है।

सोमवती और भौमवती अमावस्या क्या हैं?+

सोमवार को पड़ने वाली अमावस्या सोमवती और मंगलवार को भौमवती अमावस्या कहलाती है — दोनों विशेष शुभ मानी जाती हैं।

अमावस्या पर पितृ तर्पण कैसे करें?+

अमावस्या श्राद्ध व तर्पण का दिन है — तिल-सहित जल अर्पित कर पितरों का स्मरण, प्रायः नदी तट पर या घर में दक्षिण मुख होकर। पितृ पक्ष में विशेष रूप से। विधि परिवार व क्षेत्र अनुसार भिन्न होती है।

अमावस्या पर क्या नहीं करना चाहिए?+

परंपरा अनुसार कुछ लोग अमावस्या को नए बड़े कार्य या मांगलिक अनुष्ठान (विवाह, गृहप्रवेश) आरंभ नहीं करते, इसे स्मरण, दान व शांत पूजा के लिए रखते हैं। ये पारंपरिक मान्यताएँ हैं; व्यक्तिगत मुहूर्त हेतु ज्योतिषी से परामर्श करें।

सबसे महत्वपूर्ण अमावस्या कौन-सी है?+

मौनी अमावस्या (माघ), जो मौन व स्नान से मनाई जाती है, और महालया अमावस्या (आश्विन), जो पितृ पक्ष समाप्त करती है, सर्वाधिक महत्वपूर्ण हैं। सोमवती अमावस्या अपनी दुर्लभता के लिए प्रिय है।

अमावस्या आपकी कुंडली के लिए क्या कहती है?

अपनी जन्म कुंडली के आधार पर व्रत, शुभ काल और उपाय पर एआई ज्योतिषी से नि:शुल्क पूछें।

एआई ज्योतिषी से पूछें