आज का राहु काल — 24 शहर
आज का राहु काल: नई दिल्ली 9:22–10:44 am, मुंबई 9:33–10:58 am, चेन्नई 8:59–10:26 am। समय स्थानीय सूर्योदय के साथ बदलता है।
| शहर | राहु काल |
|---|---|
| नई दिल्ली | 9:22–10:44 am |
| मुंबई | 9:33–10:58 am |
| कोलकाता | 8:33–9:57 am |
| चेन्नई | 8:59–10:26 am |
| बेंगलुरु | 9:10–10:37 am |
| हैदराबाद | 9:09–10:35 am |
| पुणे | 9:28–10:54 am |
| अहमदाबाद | 9:36–11:00 am |
| जयपुर | 9:26–10:49 am |
| लखनऊ | 9:06–10:28 am |
| कानपुर | 9:08–10:30 am |
| नागपुर | 9:09–10:34 am |
| इंदौर | 9:23–10:47 am |
| भोपाल | 9:17–10:41 am |
| पटना | 8:48–10:11 am |
| चंडीगढ़ | 9:25–10:46 am |
| सूरत | 9:34–10:59 am |
| वाराणसी | 8:56–10:19 am |
| प्रयागराज | 9:01–10:24 am |
| विशाखापत्तनम | 8:50–10:16 am |
| गुवाहाटी | 8:22–9:45 am |
| भुवनेश्वर | 8:42–10:06 am |
| लुधियाना | 9:29–10:50 am |
| कोयंबटूर | 9:11–10:39 am |
राहु काल, यमगण्ड व गुलिक — नई दिल्ली
आज की त्याज्य अवधियाँ
| राहु काल | 09:22 am – 10:44 am |
|---|---|
| यमगण्ड | 01:28 pm – 02:49 pm |
| गुलिक काल | 06:38 am – 08:00 am |
इसके बदले शुभ समय
| अभिजित मुहूर्त | 11:44 am – 12:27 pm |
|---|---|
| ब्रह्म मुहूर्त | 05:02 am – 05:50 am |
| सूर्योदय · सूर्यास्त | 06:38 am · 05:33 pm |
नई दिल्ली में आज के आठ भाग
राहु काल कोई निश्चित घड़ी का समय नहीं है — यह दिन के उजाले का एक हिस्सा है। सूर्योदय से सूर्यास्त तक को आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है, जिनमें एक भाग राहु का, एक यम का और एक गुलिक का होता है। आज नई दिल्ली में दिन 06:38 am से 05:33 pm तक है, इसलिए हर भाग लगभग 82 मिनट का है।
| भाग | समय (IST) | स्वामी |
|---|---|---|
| 1 | 06:38 am – 08:00 am | गुलिक काल |
| 2 | 08:00 am – 09:22 am | — |
| 3 | 09:22 am – 10:44 am | राहु काल |
| 4 | 10:44 am – 12:06 pm | — |
| 5 | 12:06 pm – 01:28 pm | — |
| 6 | 01:28 pm – 02:49 pm | यमगण्ड |
| 7 | 02:49 pm – 04:11 pm | — |
| 8 | 04:11 pm – 05:33 pm | — |
भागों की सीमाएँ ऊपर दिए गए उसी सूर्योदय-सूर्यास्त से निकाली गई हैं, इसलिए दोनों समय आपस में मेल खाते हैं।
वार के अनुसार राहु काल
आठ भागों में से कौन-सा भाग राहु का होगा, यह वार से तय होता है, तिथि से नहीं। नियम बस इतना ही है — बाकी सब आपके स्थानीय सूर्योदय-सूर्यास्त का गणित है, इसीलिए हर शहर का समय अलग होता है और वर्ष भर बदलता रहता है।
| वार | राहु काल | यमगण्ड | गुलिक |
|---|---|---|---|
| रविवार | आठवाँ भाग | पाँचवाँ भाग | सातवाँ भाग |
| सोमवार | दूसरा भाग | चौथा भाग | छठा भाग |
| मंगलवार | सातवाँ भाग | तीसरा भाग | पाँचवाँ भाग |
| बुधवार | पाँचवाँ भाग | दूसरा भाग | चौथा भाग |
| गुरुवार | छठा भाग | पहला भाग | तीसरा भाग |
| शुक्रवार | चौथा भाग | सातवाँ भाग | दूसरा भाग |
| शनिवार (आज) | तीसरा भाग | छठा भाग | पहला भाग |
राहु काल, यमगण्ड और गुलिक में अंतर
तीनों अशुभ काल एक ही विधि से निकाले जाते हैं, इसलिए लोग अक्सर इन्हें एक ही मान लेते हैं। परंपरा में ये अलग हैं। राहु काल सबसे अधिक देखा जाता है और यह विशेष रूप से "आरंभ" का नियम है — यह शुरू करने से रोकता है, चलते हुए काम से नहीं। यमगण्ड को बाधा से जोड़ा जाता है और मुख्यतः यात्रा तथा समय पर पहुँचने वाले कार्यों में टाला जाता है। गुलिक, जो शनि-पुत्र का भाग है, पुनरावृत्ति का भाव रखता है — इसमें किया कार्य दोहराया जाता है, इसलिए ऋण, विवाद और अंत्येष्टि में इसे टाला जाता है, जबकि दोहराने योग्य शुभ आदतों के लिए इसे स्वीकार किया जाता है।
एक व्यावहारिक बात और: राहु काल शुभ आरंभ पर लागू होता है, साधारण जीवन पर नहीं। दैनिक कार्य, अध्ययन, पहले से चल रही यात्रा, औषधि, भोजन और आपात स्थिति किसी भी पारंपरिक मत में इससे बंधे नहीं हैं। यदि कोई कार्य वास्तव में टल नहीं सकता, तो उसे उसी दिन अभिजित मुहूर्त में आरंभ करने का विधान है — ऊपर दिया गया दोपहर का छोटा समय, जिसे परंपरा अधिकांश दोषों पर भारी मानती है।
उसी दिन के शुभ समय के लिए देखें आज का चौघड़िया, जो दिन और रात दोनों को आठ-आठ भागों में बाँटकर हर भाग का नाम बताता है।
आज का गुलिक काल — नई दिल्ली
नई दिल्ली में आज गुलिक काल (Gulikai Kalam) 06:38 am – 08:00 am IST है। यह दिन का वह भाग है जो शनि-पुत्र गुलिक का माना जाता है, और इसकी गणना राहु काल की ही तरह होती है: दिन के उजाले को आठ बराबर भागों में बाँटा जाता है और वार तय करता है कि कौन-सा भाग गुलिक का है — आज पहला। परंपरा इसे पुनरावृत्ति का समय मानती है, इसलिए ऋण, विवाद और अंत्येष्टि में इसे टाला जाता है, जबकि दोहराने योग्य अच्छी आदतें इसमें आरंभ की जा सकती हैं।
किसी दूसरी तारीख़ या शहर का गुलिक काल: राहु काल कैलकुलेटर (इसमें राहु काल, यमगण्ड और गुलिक तीनों साथ दिए हैं)।
राहु काल, राहु कालम, राहुकालम — एक ही समय
राहु काल उत्तर भारतीय नाम है; दक्षिण भारत में इसी दैनिक समय को राहु कालम (Rahu Kalam, Rahukalam) कहा जाता है, और गुलिक काल को गुलिकई कालम (Gulikai Kalam)। नाम कुछ भी हो, नियम और इस पृष्ठ के समय वही हैं। किसी दूसरी तारीख़ या शहर के लिए राहु काल कैलकुलेटर देखें।
ये समय नई दिल्ली के लिए ही क्यों
नई दिल्ली में आज सूर्योदय 06:38 am पर है। इस पृष्ठ का हर समय स्थानीय सूर्योदय और सूर्यास्त के बीच के अंतराल का एक अंश है, इसलिए यह तिथि के साथ-साथ स्थान से भी बदलता है। पूरे भारत में एक ही घड़ी चलती है, जो 82.5°E देशांतर पर आधारित है, पर नई दिल्ली उससे लगभग 5.3° पश्चिम है — सौर दृष्टि से लगभग 21 मिनट पीछे। इसलिए सूर्य नई दिल्ली के ऊपर वही स्थिति घड़ी के हिसाब से 21 मिनट बाद लेता है, और आठों भाग उसी के साथ खिसक जाते हैं। यही कारण है कि एक शहर की तालिका किसी दूसरे शहर के लिए सही नहीं होती, और यह पृष्ठ नई दिल्ली के अपने अक्षांश-देशांतर से गणना करता है।
प्रश्न
आज नई दिल्ली में राहु काल कब है?
आज (शनिवार, 7 नवंबर 2026) नई दिल्ली में राहु काल 9:22–10:44 am (IST) है। ऊपर की तालिका में 24 शहरों का आज का राहु काल है।
क्या राहु काल हर शहर में एक जैसा होता है?
नहीं। राहु काल हर शहर के अपने सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिन का आठवाँ भाग है, इसलिए समय शहर के अनुसार बदलता है — ऊपर की तालिका में आज 24 शहरों का समय है। वार के अनुसार कौन-सा भाग राहु का है, यह हर जगह एक ही रहता है।
राहु काल और राहु कालम में क्या अंतर है?
कोई अंतर नहीं। राहु कालम (Rahu Kalam, Rahukalam) दक्षिण भारत में प्रचलित नाम है, राहु काल उत्तर भारत में — दोनों एक ही दैनिक समय हैं और एक ही विधि से निकाले जाते हैं।
गुलिक काल क्या है?
गुलिक काल (Gulikai Kalam) दिन का वह आठवाँ भाग है जो शनि-पुत्र गुलिक का माना जाता है; इसकी गणना राहु काल की ही तरह होती है। आज नई दिल्ली में गुलिक काल 6:38–8:00 am (IST) है।
राहु काल में क्या नहीं करना चाहिए?
परंपरा में राहु काल के दौरान नया व्यवसाय, यात्रा, विवाह-प्रस्ताव या कोई महत्वपूर्ण शुभारंभ टाला जाता है। पहले से चल रहे काम जारी रखे जा सकते हैं।